नमो भगवती माँ सरस्वती, ज्ञान का भंडार दे
कृपा पात्र बनूँ आपका, भक्ति का उपहार दे ..
मनसा वाचा कर्मणा ,ध्यान धरूँ माँ हृदय स्थल
आत्म शुद्धि हो जाये मेरा, मन हो जाये निर्मल
ब्रह्म विचार की परम तत्व, हृदय में अनूठे भाव दे
कृपा पात्र बनूँ मैं आपका, भक्ति का उपहार दे ..
शुक्ल वर्ण, शुक्लाम्बरा, वीणा पुस्तक धारिणी
आदि शक्ति, मूल प्रकृति, कमल पर विराजती
हे माँ भगवती सरस्वती छंद सुर ताल का ज्ञान दे
कृपा पात्र बनूँ आपका, श्रेष्ठ बुद्धि का उपहार दे ..
सत्य पथ से न डिगूँ , साहस आत्म बल बना रहे
कर सकूँ मानव की सेवा, ऐसी शक्ति अपार दे
नमो भगवती माँ सरस्वती, ज्ञान का भंडार दे
कृपा पात्र बनूँ आपका, भक्ति का उपहार दे ..