कुछ पल ही
तुझसे मै
मिल पाता हूँ
पर जब भी
मिलने आता हूँ
तू दौड़ कर
पप्पी पप्पी कहकर
मेरे गले में
लिपट जाती है
बहुत ही सुखद
अहसास होता है
मन कल्पनाओं मे
घूम जाता है
आशू का अर्क
तुझमे मै पाता हूँ
वही पुरानी बचपन की
यादें स्मृतियों में
मेरे आ जाती है
भाव विभोर मै
हो जाता हूँ
ख़ुशियों से झूम
मैं जाता हूँ
तू बहुत ही चुलबुल लगती है
परियों जैसी लगती है
जल्दी ही मै आऊँगा
ढेर सारे खिलौने लाऊँगा
ख़ुश ख़ूब हो जायेगी
जमकर धूम मचायेगी
पार्क हम जायेगे
झूला भी झुलायेंगे
कंधे पर बैठायेंगे
चाकलेट भी खिलायेंगे
मिलकर जश्न ख़ूब मनायेंगे ।
जन्मदिन पर ढेर सारा आशीर्वाद व प्यार 🌺🎉💐🎂🎁
तुम्हारा नानू ( पप्पी)